Gold Silver Price Today: भारत में सोना और चांदी का महत्व केवल आभूषणों तक सीमित नहीं है। ये धातुएँ परंपरा, सामाजिक प्रतिष्ठा और सुरक्षित निवेश का प्रतीक मानी जाती हैं। शादी-विवाह, त्योहारों और शुभ अवसरों पर इनकी मांग में स्वाभाविक वृद्धि देखी जाती है। यही कारण है कि जब भी सर्राफा बाजार में कीमतों में बदलाव होता है, तो आम उपभोक्ताओं से लेकर बड़े निवेशकों तक सभी की नजरें रेट पर टिक जाती हैं। हालिया कारोबारी सत्र में सोना और चांदी दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे बाजार में खरीदारी की हलचल तेज हो सकती है।
सोने की ताजा कीमतें: कैरेट के अनुसार स्थिति
सोने की कीमत उसकी शुद्धता (कैरेट) के आधार पर तय होती है। भारत में 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोना सबसे अधिक प्रचलित है। हर कैरेट की अपनी उपयोगिता और मांग होती है।
24 कैरेट सोना: शुद्धता और निवेश का विकल्प
24 कैरेट सोना सबसे शुद्ध माना जाता है। इसमें लगभग 99.9% शुद्ध सोना होता है, इसलिए इसे मुख्य रूप से निवेश के उद्देश्य से खरीदा जाता है। हाल की गिरावट के बाद 24 कैरेट सोने का भाव लगभग ₹1,59,000 से ₹1,60,500 प्रति 10 ग्राम के आसपास देखा गया।
निवेशक प्रायः सोने की ईंट (Gold Bar) या बिस्किट के रूप में 24 कैरेट सोना खरीदना पसंद करते हैं। कीमतों में नरमी को कई लोग लॉन्ग-टर्म निवेश के लिए अवसर के रूप में देख रहे हैं, खासकर वे लोग जो धीरे-धीरे पोर्टफोलियो में गोल्ड जोड़ना चाहते हैं।
22 कैरेट सोना: आभूषणों के लिए सबसे लोकप्रिय
22 कैरेट सोना भारत में ज्वेलरी निर्माण के लिए सबसे अधिक इस्तेमाल किया जाता है। इसमें लगभग 91.6% शुद्ध सोना होता है, जिससे आभूषण मजबूत और टिकाऊ बनते हैं। ताजा बाजार रेट के अनुसार 22 कैरेट सोने की कीमत करीब ₹1,46,000 से ₹1,48,000 प्रति 10 ग्राम के बीच रही।
शादी-विवाह और पारिवारिक समारोहों के लिए यही सबसे पसंदीदा शुद्धता है। दाम में कमी आने से गहनों की खरीदारी करने वाले उपभोक्ताओं को राहत मिल सकती है।
18 कैरेट सोना: फैशन और डायमंड ज्वेलरी की पसंद
18 कैरेट सोने में लगभग 75% शुद्ध सोना होता है। यह मुख्य रूप से फैशन ज्वेलरी, मॉडर्न डिजाइन और डायमंड जड़ित आभूषणों में उपयोग किया जाता है। हालिया सत्र में इसका भाव लगभग ₹1,19,000 से ₹1,22,000 प्रति 10 ग्राम के बीच दर्ज किया गया।
युवा पीढ़ी और हल्के, स्टाइलिश आभूषण पसंद करने वाले ग्राहकों के बीच 18 कैरेट सोना तेजी से लोकप्रिय हो रहा है।
चांदी के दाम में भी गिरावट
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी नरमी देखी गई है। ताजा बाजार रेट के अनुसार चांदी का भाव लगभग ₹2,45,000 से ₹2,55,000 प्रति किलोग्राम के आसपास रहा।
चांदी का बहुआयामी उपयोग
चांदी का उपयोग केवल आभूषणों और सिक्कों तक सीमित नहीं है। यह सौर ऊर्जा उपकरणों, इलेक्ट्रॉनिक्स, चिकित्सा उपकरणों और अन्य औद्योगिक क्षेत्रों में भी व्यापक रूप से प्रयोग होती है। इसी कारण इसकी कीमतें घरेलू मांग के साथ-साथ वैश्विक औद्योगिक गतिविधियों पर भी निर्भर करती हैं।
निवेश के रूप में चांदी
कई निवेशक चांदी को सोने के मुकाबले अधिक सुलभ और कम लागत वाला विकल्प मानते हैं। कीमतों में गिरावट से छोटे निवेशकों को भी इस धातु में निवेश का अवसर मिल सकता है।
कीमतों में उतार-चढ़ाव के प्रमुख कारण
सोना और चांदी की कीमतें कई घरेलू और अंतरराष्ट्रीय कारकों से प्रभावित होती हैं।
अंतरराष्ट्रीय बाजार का प्रभाव
वैश्विक स्तर पर सोने और चांदी की मांग, केंद्रीय बैंकों की नीतियाँ और आर्थिक अनिश्चितता कीमतों पर सीधा असर डालती हैं। यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में दाम गिरते हैं, तो भारतीय बाजार में भी इसका प्रभाव दिखाई देता है।
डॉलर और विनिमय दर
सोने की कीमतें प्रायः अमेरिकी डॉलर में निर्धारित होती हैं। डॉलर के मजबूत होने या रुपये के कमजोर होने से घरेलू कीमतों में बदलाव हो सकता है।
ब्याज दरें
जब ब्याज दरें बढ़ती हैं, तो निवेशक अक्सर सोने जैसे सुरक्षित निवेश से हटकर अन्य विकल्पों की ओर रुख करते हैं, जिससे कीमतों पर दबाव पड़ सकता है।
मांग और आपूर्ति
त्योहारों और शादी के मौसम में मांग बढ़ने से कीमतों में तेजी देखी जा सकती है। वहीं, मांग कम होने पर दाम नरम पड़ सकते हैं।
क्या यह खरीदारी का सही समय है?
कीमतों में गिरावट अक्सर खरीदारों और निवेशकों के लिए अवसर लेकर आती है। हालांकि, निर्णय लेने से पहले कुछ बातों पर विचार करना जरूरी है।
दीर्घकालिक दृष्टिकोण
यदि आप निवेश के उद्देश्य से सोना या चांदी खरीद रहे हैं, तो लॉन्ग-टर्म दृष्टिकोण रखना बेहतर होता है। अल्पकालिक उतार-चढ़ाव से घबराने की आवश्यकता नहीं होती।
चरणबद्ध निवेश रणनीति
एक साथ बड़ी मात्रा में निवेश करने के बजाय किस्तों में खरीदारी (Systematic Buying) करना जोखिम को कम कर सकता है।
सोना खरीदते समय ध्यान रखने योग्य बातें
हॉलमार्क की जांच
सोने की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए BIS हॉलमार्क अवश्य देखें। यह गुणवत्ता की गारंटी देता है।
पक्का बिल लें
हमेशा अधिकृत ज्वेलर या विश्वसनीय विक्रेता से खरीदारी करें और पक्का बिल प्राप्त करें।
मेकिंग चार्ज की तुलना
ज्वेलरी खरीदते समय मेकिंग चार्ज और वेस्टेज की दरों की तुलना करना लाभदायक होता है।
निवेश और उपयोग में अंतर समझें
आभूषण और निवेश के उद्देश्य अलग-अलग होते हैं। निवेश के लिए कॉइन या बार बेहतर विकल्प माने जाते हैं।
निष्कर्ष
हालिया गिरावट के बाद सोना और चांदी की कीमतों में आई नरमी खरीदारों के लिए राहत और अवसर दोनों प्रदान कर सकती है। चाहे आप ज्वेलरी खरीदने की योजना बना रहे हों या सुरक्षित निवेश की तलाश में हों, बाजार की स्थिति को समझकर और सोच-समझकर निर्णय लेना महत्वपूर्ण है।
अस्वीकरण: यह लेख सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। सोना और चांदी की कीमतें समय, स्थान और बाजार परिस्थितियों के अनुसार बदल सकती हैं। सटीक और अद्यतन दरों के लिए स्थानीय सर्राफा बाजार या अधिकृत स्रोत से जानकारी अवश्य प्राप्त करें।









